Quran with Hindi translation - Surah Al-Anbiya’ ayat 104 - الأنبيَاء - Page - Juz 17
﴿يَوۡمَ نَطۡوِي ٱلسَّمَآءَ كَطَيِّ ٱلسِّجِلِّ لِلۡكُتُبِۚ كَمَا بَدَأۡنَآ أَوَّلَ خَلۡقٖ نُّعِيدُهُۥۚ وَعۡدًا عَلَيۡنَآۚ إِنَّا كُنَّا فَٰعِلِينَ ﴾
[الأنبيَاء: 104]
﴿يوم نطوي السماء كطي السجل للكتب كما بدأنا أول خلق نعيده وعدا﴾ [الأنبيَاء: 104]
Suhel Farooq Khan And Saifur Rahman Nadwi (ये) वह दिन (होगा) जब हम आसमान को इस तरह लपेटेगे जिस तरह ख़तों का तूमार लपेटा जाता है जिस तरह हमने (मख़लूक़ात को) पहली बार पैदा किया था (उसी तरह) दोबारा (पैदा) कर छोड़ेगें (ये वह) वायदा (है जिसका करना) हम पर (लाज़िम) है और हम उसे ज़रूर करके रहेंगे |